
उसकी बात के बीच में ही उसके करीब झुक आया।
उसकी होंठ उर्मी की गर्दन के पास रुक गए बस कुछ मिलीमीटर की दूरी पर… इतने करीब कि उर्मी की सांसें लड़खड़ा गईं। विराज ने बहुत धीमी, बहुत गहरी आवाज़ में कहा “I don’t care, Wifey… मुझे बस तुम चाहिए…यू डॉन'ट नो वाइफ मैं तुम्हारे लिए कितना ज्यादा तड़पा हूं।”
उसके शब्दों में ऐसी भूख थी कि उर्मी की पलकें खुद-ब-खुद बंद हो गईं। विराज भी नहीं वो भी इन लम्हों इन प्यार भरी बातों के लिए बहुत सालों तक तड़पती थी।
वो उसके कंधे पर अपनी उंगलियाँ फिराता गया धीरे… जैसे हर टच से उसे याद करवा रहा हो कि वो कौन है… और उर्मी किसकी है।




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